
हल्द्वानी समाचार : संभागीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) में मंगलवार अपराह्न उस वक्त हड़कंप मच गया, जब लाइसेंस विंडो के पास अचानक गोली चल गई। गोली खिड़की पर लगी लोहे की जाली को चीरते हुए कमरे के अंदर पहुंची और वहां रखी लोहे की अलमारी में जा धंसी। गोली लगने से अलमारी के दरवाजे में भी छेद हो गया। गनीमत रही कि फायरिंग की घटना में कोई कर्मचारी घायल नहीं हुआ। सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। जानकारी के अनुसार आरटीओ कार्यालय में ही कार्यरत एक बाबू ने गोली चलाई थी। चर्चा है कि वह उस समय नशे में धुत था। घटना मंगलवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे की है। आरटीओ में काम करने वाला एक बाबू नशे की हालत में लाइसेंस वितरण विंडो के पास पहुंचा। इस दौरान किसी बात को लेकर उसका गुस्सा भड़क गया। आरोप है कि उसने कमर में रखा अपना लाइसेंसी असलहा निकाला और लाइसेंस विंडो की ओर फायर कर दिया। गोली लोहे की जाली को भेदते हुए कमरे में जा पहुंची और सामने रखी लोहे की अलमारी में धंस गई। घटना के बाद कार्यालय परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। अचानक हुई फायरिंग से कर्मचारी भी दहशत में आ गए। आरटीओ गुरुदेव सिंह ने गोली चलने की घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि विभागीय टीम और पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। वहीं, एसपी सिटी मनोज कुमार कत्याल ने बताया कि गोली किन परिस्थितियों में और किस वजह से चलाई गई, इसकी जांच की जा रही है। संदिग्ध से पूछताछ कर तथ्य जुटाए जा रहे हैं। तहरीर मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस फायरिंग की असली वजह तलाशने में जुटी है। जांच के बाद ही साफ होगा कि यह नशे में किया गया जानलेवा दुस्साहस था या इसके पीछे कोई अन्य विवाद था।



